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| Pratap Sehgal |
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| Mina Chopda |
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| Sameer Kabir |
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| Kavita Kiran |
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| dipak |
2010-08-22 21:42:05 |
| आइना जुट नहीं बोलता किरणजी आप का भरम गलत हे |
| surendra |
2010-08-20 10:30:18 |
| रूप और कला का यह संगम सम्मोहित कर लेता है...! |
| kamal rajput |
2010-08-18 07:29:54 |
| किरण जी आप के पोएम्स तो दिलो को छु टी हैं और आप के वोइस के बारे में क्या बोले फिर कोइन इश जादू से बच सकता है |
| neeraj |
2010-08-18 07:25:45 |
| बहुत खूब कविता जी आपकी आवाज और अंदाज़ दोनों ही बहुत अच्छा है ...........
http://www.neerajkavi.blogspot.com/ |
| rahul |
2010-08-18 00:23:45 |
| आपकी पोएम्स आपकी जितनी ही सुन्दर है , जितनी स्वीट आपकी आवाज़ है उतनी सुन्दर शब्द है |
| SUNDEEP KAPOOR |
2010-08-17 10:21:52 |
| Superb Kavitaji all your poems are really Superb -
"मोहब्बत खुद-ब-खुद इक रोज़ दिल का साज़ बन जाती,
अगर दिल की हर इक धड़कन 'कविता किरण' सी बन जाती" |
| ASHOK CHANDNA |
2010-08-17 03:38:03 |
| आप की सुंदर कविताये सुन कर बहुत आनंद आया.कविताये और भी दूसरे कविओं की सुनी,वोह भी बहुत सुंदर हैं ,पर आपकी कविता का आप की आवाज़ मैं ,का मुकबाला नहीं.शायद आप की रचनाओं से ज्यादा लगाव है.मेरी शुभकामनाये.वैसे यह भावुक जी कौन साहब हैं.लगता हैः की आप से उनको कुछ अल्लेर्जी है.मेरी उनको भी शुभकामनाये.. |
| Shesh Dhar Tiwari |
2010-08-17 01:15:29 |
| आपकी सस्वर प्रस्तुति सुनने के बाद यही कहूँगा की आप एक प्रख्यात कवियित्री होने के साथ साथ एक कुशल गायिका भी हैं. सच में यदि आप थोडा खुले गले से गाने लगें तो छा जाएँगी किरण जी. |
| kavita'kiran' |
2010-08-16 19:04:16 |
| "बुरा जो देखन में चला बुरा न मिलिया कोय,जो दिल खोजा आपना मुझसा बुरा न कोय'. मुझे आपसे कोई गिला नहीं भावुक जी. क्योंकि 'जाकी रही भावना जैसी,प्रभु मूरत देखि तिन तैसी" आप एक अछे आलोचक हैं. भावुक हैं इसलिए भावुकता में भावुकता में बह गए हैं.पता नहीं क्यों नाराज़ हैं मुझसे.आज़ाद देश में सभी अपनी राय व्यक्त करने के लिए स्वतंत्र हैं.हर निष्पक्ष टिपण्णी स्वागतेय होती है.चाहे वो आलोचना हो या प्रशंसा.धन्यवाद. |
| ashokkkhatri |
2010-08-16 10:07:29 |
| बहुत सुंदर कविताये आज सुनने को मिली धन्यवाद , एक सपना अपना , कभी हमारे शहर मै आये , और शहरवासियो की बीच कविता पाठ सुने . SUKRIYA |
| Mahesh Dhannawat |
2010-08-16 08:41:13 |
| कविता की किरण हो अप्प
अप्प ही सा हम बे कवी बन सकता है
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| narender |
2010-08-16 08:35:51 |
| ये समज नहीं आ रहा आप ज्यादा सुंदर हे या आपकी कविताये आपकी आवाज बहुत मधुर हे .आपको सुनके बहुत सकूँ मिला .जो दिल को सकूँ दे वो ही असली कलाकार हे शुक्रिया कविता जी
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| Ziaul Haq, Correspondent |
2010-08-16 08:34:44 |
| आप क्या हो कौन हो ये तो मई नहीं जानता लेकिन इतना जानता हु की:- जितनी तारीफ करू कम है मानता हु, जितनी तारीफ़ करू कम है मानता हु, आपकी आवाज़ में दम है मानता हु. शुक्रिया आपका जिया |
| narender |
2010-08-16 08:23:46 |
| सिर्फ ये ही कहुगा आप जो गाती हा दिल से गाती हे
और दिल से किया हर काम हमेसा खुबसूरत ही होता है
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| Ajeet thakur |
2010-08-16 07:57:52 |
| बहुत खुबसूरत, आँखे बंद कर अगर आपकी आवाज सुनी जाये तो पता चलता है कि सुकून क्या होता है. |
| Bikash |
2010-08-16 07:47:22 |
| आपने हमारा दिल लेलिये , क्या बात है , ढेर सारी शुभकामना |
| C. P. Sharma |
2010-08-16 07:43:09 |
| किस किस की तारीफ़ करूँ, कविता किरण की, कविता की ये आवाज़ की. सभी एक से एक बढ़ कर हैं. |
| jayesh patel |
2010-08-16 07:40:16 |
| सुन के दिल को ऐसा लगा जैसे जन्नत में बेठा हु |
| kavita'kiran' |
2010-08-16 06:28:56 |
| आप सब की हौसला-अफजाही का बहुत बहुत शुक्रिया.दुआ करें मेरी कहन और मेरी आवाज़ दोनों में खुदा वो असर पैदा करे जो मैं आप सभी चाहनेवालों के दिलों में अपनी जगह,अपना मुकाम बरकरार रख सकूँ.शुक्रिया. |
| Ankur Mishra |
2010-06-25 07:38:58 |
| बहुत ही अच्छी कविता है आपकी.
मैंने आज तक केवल अटल जी की कविताये नेट पर सुनी थी ....मुझे कविताओ में कम रूचि है पर आपकी कविताये बहुत ही अच्छी लगी... |
| daksh |
2010-04-12 06:53:47 |
| इट्स राली nice |
| Innusingh Tripathy |
2010-04-11 06:46:55 |
| बहोत खूब!! बहोत होसला अफजाई करनेवाली आपकी नज़्म है. अज इस भाग्दी हुई ज़िन्गागी में सब अकेले सब तनहा और जेहनी दबाव से ग्रसित वह आपकी ये नज़म दावा का काम करती है. हमारी दुआ आप युही कविताओ और नज्मो के साथ युही किरण बनकर चमत्की रहे और और अपनी रोशनी बिखेरती रहे. खुदा आपका रहनुमा बने इस दुआ के साथ खुदा हाफिज़!!! |
| ASHOK SEEMA |
2010-04-07 08:20:50 |
| बहुत अच्छी कविता और गजल है आपकी आवाज भी काबिले तारीफ है. आगे भी भेजते रहिये |
| sunil kumar |
2010-04-06 21:36:41 |
| बहुत अच्छा dear ,आपकी आवाज़ बहुत प्यारी है सच में मजा आ गया .....आपने हमको अपना देवाना बना लिया है.................हमेसा हमें ऐसे हे सुनती रहना ओके....... |
| gita dev |
2010-04-06 02:54:49 |
| कविताजी, आपकी awaz सुनी. kavitayain और ग़ज़ल तो आप कमाल की कहती ही हैं.........आवाज़ और अंदाज़ तो बस, सोने पे सुहागा वाली कहावत की याद दिलाता है. |
| amit |
2010-04-06 01:44:12 |
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Har khomoshi mein ek baat hoti hai,
Har dil mein ek yaad hoti hai,
Aapko pata ho ya na ho par aapki khushi k liye roz fariyad hoti hai.
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| Shishir Pandit |
2010-04-04 06:58:00 |
| कविता जी आपके खूबसूरती एवं खुबसूरत कविताओ का तो कायल था पर आज रेडियो सब रंग पर आपकी आवाज सुनकर आपकी आवाज का दीवाना हो गया लगता हेई ऐसे ही आपकी मधुर आवाज में कविताये सुनता रहू - आपका दीवाना शिशिर |
| Shishir Pandit |
2010-04-04 06:51:03 |
| कविता जी जैसी आपने सूरत पायी है वैसे ही आपकी आवाज भी है आपकी मधुर आवाज सुनकर मन को काफी सकून मिला इसके लिए आपको धन्यवाद् |
| kavita |
2010-04-04 06:38:57 |
| sure |
| Anil |
2010-04-03 08:21:34 |
| i वांट more |
| Anil |
2010-04-03 07:44:23 |
| अंदाज़ क साथ साथ बहुत खुबसुरत आवाज़ पाई.बहुत khub |
| ritu |
2010-03-31 06:31:56 |
| gudd |
| ritu |
2010-03-31 06:31:53 |
| gudd |
| sirha |
2010-03-29 12:25:40 |
| इक मुस्कराहट ही गजल की तर्जुमानी कर सकती है. |
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| Shahid Kabir |
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| chaand |
2010-03-02 06:04:55 |
| लाजवाब |
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| Madan Mohan (Arvind) |
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| Afroz |
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| RAJNISH PARIHAR |
2010-06-02 08:44:57 |
| कमाल की शायरी है आपकी...बहुत पसंद आई !!! |
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| Sarojini Nautiyal |
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| Yoginder Moudgil |
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| dr.Mridula Sharma |
2010-01-04 18:27:26 |
| आपकी रचनाये बहुत अच्छी हैंडॉ. मृदुला शर्मा प्रिंसिपल त्रिशाला देवी कनोहर लाल बालिका विधालय मेरठ उत्तर प्रदेश (इंडिया) |
| dr.Mridula Sharma |
2010-01-04 18:21:23 |
| आपकी कविताये बहुत प्रेरणास्पद हैं.आपको बहुत बहुत साधुवाद .आपकी रचनाओं को अपने vidhylaya |
| gagan jain |
2009-10-25 09:43:43 |
| हमें तो आपकी आवाज नसीब नहीं हो रही मोदगिल जी. |
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| Munnavar Rana |
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| sirha |
2010-03-29 12:40:55 |
| मै इन नज्मो को सूत्र ही कहुगा जो हर सक्ष को जहाँ मे kuraid laine chahiye. |
| gagan jain |
2009-10-27 09:40:22 |
| मुन्नवर साहिब मेरा सोभाग्य है की मैंने आपको सबरंग रेडियो के माध्यम से सुनने का मोका मिला बहुत ही बढ़िया अंदाज है आपका . क्या माँ की महिमा का बखान किया है . बहुत ही बढ़िया जन्नाब कभी मौका मिला तो आपको पानीपत की धरती सलाम करेंगे . |
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| Rakesh Khandelwal |
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| Janab Munavar Sarhadi |
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| Prem Chand Sahajwal |
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| sureshyadav |
2009-12-13 07:23:08 |
| bahut achchha laga .aap ko badhai 09818032913 |
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| Qaisar Aziz |
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| Amar Jyoti Nadeem |
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| shyam |
2009-12-22 01:31:28 |
| bahut acchi gajalein |
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| Jagdish Rawtani "Anandam" |
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| Khush Deep Rai |
2010-07-23 05:23:03 |
| इ कांग्रतुलाले श रव्टती फॉर हिस कोन्त्रिबुतिओन तो लितेरतुरे & Music |
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| Bashir Badar |
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| asif |
2010-07-24 06:52:06 |
| गोल्डन मन बशीर badar |
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| Dr Vishnu Saxena |
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| M.Zaheeruddin |
2009-10-17 23:18:16 |
| 'Dil ki kori kitab..' ko aapne mukammal likha hai?
Aapke padhne ka andaaz bahut achcha hai. Mubarakbad. |
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| Sohan Rahi |
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| Kushum Sinha |
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| Dwijendra Dwij |
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| Dr. Mahendra Bhatnagar |
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| Mehak Bharti |
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| Dr. Kavita Vachaknavee |
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| pravina |
2010-08-24 21:08:48 |
| माँ बूढी हेपसंद आया बहुत आचे |
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| Dr. Surjit Patar |
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| umesh |
2010-09-01 10:11:05 |
| जितना सुनता हूं, सुनने की भूख बढ़ती ही जा रही है । बार - बार.. |
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| Anant Kaur |
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| M.Zaheeruddin |
2009-10-17 22:47:02 |
| Aap ke padhne ka andaaz bahut achcha hai khusisi taur par jis nazm/geet mein 'sadness' ho. Mera sawaal yeh hai ke kya aap ghazlen bhi kahti hain? |
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| Devi Nangrani |
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| Gopal Das Neeraj |
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| Dr. Kunwar Bechain |
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| Khushbir Singh Shaad |
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| Ajanta Sharma |
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| azad |
2010-01-01 17:47:46 |
| naya saal mubark ho |
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| Parul Chaand Pukhraj |
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| azad |
2010-01-01 17:50:53 |
| na tum aye
wonderfull reciting |
| M.Zaheeruddin |
2009-10-17 22:55:51 |
| Kya aapne musiqee ke saath bhi kuch kalaam gaya hai? |
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| Lata Haya |
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| misbahuddin |
2010-08-30 11:36:33 |
| आदाब
आप का कलम वाह क्या बात है मैं एक उर्दू जुबां से बहुत खरीब हूँ हैदराबाद मैं तमाम मुशैरे आत रहा हूँ आप से मिलने की तो आरजू ही रह गयी अभी मैं ने नेट पैर डेली आप का कलाम सुनता रहता हूँ आप के कलम की कितनी भी तारीफ की जाये कम है आप को अल्लाह इतनी उनर दे के हमेशा इतना नफीस कलम सुनते रहे आप का बेबाक कलाम खासकर सद्दाम के बारेमें आप ने साडी दुनिया को बतादिया की सुच का सामना करने से कोई नहीं रोक सकता और उर्दू की नज़म तो हर दिन एक बार मेरे लैपटॉप में सेव है जिसको देखता रहता हूँ. अभी तो मैं सौदी अरब मदीनाह मुनव्वर मैं हूँ जब भी आप हैदराबाद आएंगे मेरे इ-मेल पैर बताएँ मैं अबकी बार ज़र्रोर मिलूँगा.
मिस्बाह
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| saleem |
2010-07-19 11:30:14 |
| सेंड में अल ग़ज़ल्स cassets |
| MOHAMMED MOMIN ALI |
2010-06-16 10:06:20 |
| मेरी हर दुवा आप के नाम अल्लाह आप के उम्र दरास्त अमीन |
| r m iqbal |
2009-11-05 02:27:19 |
| alla tum ko aur tharqi atta farmai bas ahi duva hai mairi |
| लावण्या |
2009-10-26 09:29:20 |
| बेहद नाज़ुक अहसास और दिल से निकली बातें पाक साफ़ बेहद सुर में गाई गज़लें बहुत पसंद आयीं
- लावण्या |
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| Amitabh “MEET” |
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| Bharat Bhushan Pant |
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| Shiv Dutt “Aks” |
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| M.Zaheeruddin |
2009-10-17 23:10:11 |
| Aap ki awaaz aur padhne ka andaaz bahut khoob hai. Mubarakbad. |
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| Hasti Mal Hasti |
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| Gajender Solanki |
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| Laxmi Shanker Bajpai |
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| Madan Mohan |
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| Anjana Sandhir |
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| Dr. Kirti Kale |
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| Premendra Ojha |
2010-08-16 23:57:07 |
| शायद ऐसा हे होता है पहले पहले प्यार में, बहुत कूब |
| Sarita khanna |
2009-11-16 03:51:57 |
| Your poems are as beautiful as you are and may god bless you for more good creations in the world of Hindi poetry. |
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| Muhammad Nadeem Bhabha |
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| Rajesh Reddy |
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| ramdas akela |
2010-01-06 04:33:03 |
| cogratulations dear reddy very nice poem geeta hun quran hun main
mujko parh insan hunmain wah |
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| Shipra Verma |
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| Atul Ajanabi |
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| Rashmi Saba |
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| dipak |
2010-08-22 21:33:38 |
| कोई खफा नहीं आपse |
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| Om Prakesh Yati |
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| Mamta Kiran |
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| Dr. B.N.Misra |
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| gautam |
2009-11-24 04:02:50 |
| bad nik lagl. shrv pratham suneke milal h ahake e kavita. |
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| Abhinav Shukla |
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| Rahat Indori |
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| Dilip Kumar |
| Introduction By |
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| Dr. Sudha Om Dhingra |
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| Veena Vij 'Udit' |
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| Tejinder Sharma |
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| Dev Mani Pandey |
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